किस के लिए जन्नत बनाई तूने ए खुदा,
कौन है इस जहाँ में जो गुनाहगार नहीं…!!
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ये मत सोचना की हम जुदा हो गए तेरी याद से,
बस तेरी ख़ुशी की खातिर तुझसे बात करना छोड़ दिया…!!
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मिन्नत किसी रोज मौत, दस्तक दे मेरे दरवाजे पे,
अरसा हुआ दर्द के सिवा, किसी और मिले हुए…!!
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हर दिन बस दिल को ये कहते है,​
​अब नहीं करेंगे बाते उनसे,​
​और दिल हर बार कहता है,​
​आज कर ले फिर कल से नहीं करेंगे​…!!
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कोशिश न कर, खुश सभी को रखने की,
कुछ लोगो की नाराजगी भी जरूरी है,
चर्चा में बने  रहने के लिए…!!http://www.whatsappshayari.com

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